समाचार एजेंसी तसनीम की रिपोर्ट के मुताबिक़, आप्रवासियों के मामलों पर नज़र रखने वाले एक अंतर्राष्ट्रीय संगठन ने सऊदी अरब को विदेशी श्रमिकों के लिए सबसे ख़राब देश बताया है।

2018 में एक्सपैट इनसाइडर द्वारा किए गए सर्वेक्षण में फ़ार्स की खाड़ी देशों में जहां बहरैन को आप्रवासी कर्मचारियों के लिए सबसे अच्छा देश क़रार दिया गया है वहीं सऊदी अरब को विदेशी श्रमिकों के लिए सबसे बुरा देश बताया गया है। 2014 से हर साल, इंटरनेशनल दुनिया भर में रहने वाले एक्सपैट पर गहराई से नज़र डाल रहा है।

रिपोर्ट के अनुसार लगातार दूसरे साल एक्सपैट इनसाइडर रैंकिंग में बहरैन को पहले स्थान मिला है। यह देश विदेशियों को आसान लगता हैं, यहां रहना और काम दोनों ही उन्हें खूब भाता है। बहरैन के बाद ताइवान भी “क्वालिटी ऑफ़ लाइफ़” के हिसाब से लोगों की दूसरी पसंद है।

सर्वे में 187 देशों के 18000 बाहरी लोग शामिल हुए। सर्वे में तथ्यात्मक सवालों पर अधिक ज़ोर नहीं दिया गया बल्कि लोगों के अनुभव के आधारों पर ही रहने के ख़र्च आदि की तुलना की गई। हर देश से कम से कम 75 लोगों की जरूरत थी, अंत में 187 देशों में से 68 देशों को रैंकिंग दी गई।